UP PRIME NEWS: आगरा में रहस्यमय मौत! बिजनेस में घाटा, पत्नी भी छोड़ गई... अब बंद कमरे में मिली व्यापारी की लाश, हत्या की आशंका
आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा में दहतोरा (सिकंदरा) स्थित एक बंद कोठी में शनिवार सुबह परचून व्यापारी राजकुमार उपाध्याय (60) का शव मिलने से सनसनी फैल गई। राजकुमार फिरोजाबाद के निवासी थे और करीब एक महीने पहले ही आगरा आकर किराये पर रहने लगे थे, जहां उन्होंने अपनी परचून की दुकान खोली थी। शव दो से तीन दिन पुराना लग रहा है और कमरे से तेज दुर्गंध आने पर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है, जबकि पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है।
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| सांकेतिक -photo:gemini ai |
विस्तार
बंद कोठी में मिला शव, नहीं मिले चोट के निशान
डीसीपी सिटी सोनम कुमार के मुताबिक, शनिवार सुबह सिकंदरा के दहतोरा में एक कोठी से दुर्गंध आने की सूचना मिली थी। पुलिस जब मौके पर पहुंची तो कोठी के मुख्य गेट पर ताला लगा था, लेकिन कमरे का दरवाजा खुला था। अंदर जाने पर फर्श पर राजकुमार उपाध्याय का शव पड़ा मिला। मृतक की पहचान फिरोजाबाद के आनंदीपुर निवासी राजकुमार उपाध्याय के रूप में हुई।
घटना की जानकारी मिलने पर मृतक के बेटे, बेटी और बहन सहित अन्य परिजन आगरा पहुंचे। डीसीपी सिटी ने बताया कि मृतक के शरीर पर किसी तरह के चोट के निशान नहीं मिले हैं और घर में सामान भी सुरक्षित पाया गया है। फिलहाल, पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। साथ ही, कोठी मालिक और मृतक की पत्नी के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
जीवन में कई उतार-चढ़ाव देख चुके थे राजकुमार
राजकुमार उपाध्याय का बेटा आशीष मेडिकल स्टोर पर काम करता है, बेटी कुट्टू ग्रेटर नोएडा में शादीशुदा है, और बहन नीरू कारगिल में रहती हैं। उनके चचेरे भाई डॉ. विशाल एसएन मेडिकल कॉलेज में कार्यरत हैं। विशाल ने बताया कि राजकुमार ने करीब 10 साल पहले दवाओं के व्यापार में बड़ा घाटा झेला था, जिसके बाद उन्होंने एक फार्मा कंपनी में नौकरी शुरू कर दी थी।
करीब तीन साल पहले उनकी पत्नी भी उन्हें छोड़कर चली गई थीं। इन सब मुश्किलों के बाद, एक महीने पहले ही वह आगरा आए और दहतोरा में किराये पर मकान लेकर पास में ही एक परचून की दुकान खोली थी। परिजनों ने राजकुमार की मृत्यु को स्वाभाविक मानने से इनकार करते हुए हत्या की आशंका जाहिर की है।
एकाकी बुजुर्गों की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
यह पहला मामला नहीं है जब आगरा में किसी एकाकी बुजुर्ग का शव बंद कमरे में मिला हो। इससे पहले भी शाहगंज के अर्जुन नगर में मां-बेटी, हरीपर्वत क्षेत्र की विजय नगर कॉलोनी में एक महिला, और ऋषि मार्ग पर एक बुजुर्ग का शव बंद कोठियों में मिल चुका है। इन घटनाओं के बाद पुलिस ने "ऑपरेशन सवेरा" जैसी पहल शुरू की थी, जिसका उद्देश्य एकाकी बुजुर्गों की जानकारी जुटाना और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना था। हालांकि, यह ऑपरेशन कुछ समय बाद ठंडे बस्ते में चला गया।

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