प्रियंका गांधी के जन्मदिन पर बिजनौर कांग्रेस कार्यालय में हंगामा, कार्यकर्ताओं के बीच जमकर चले लात-घूंसे
बिजनौर (उत्तर प्रदेश):
उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिला कांग्रेस कार्यालय में सोमवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब पार्टी की महासचिव प्रियंका गांधी का जन्मदिन मनाने जुटे कार्यकर्ता आपस में ही भिड़ गए। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि कार्यकर्ताओं के बीच जमकर लात-घूंसे चले। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें पार्टी दफ्तर के भीतर ही अनुशासन की धज्जियां उड़ती नजर आ रही हैं।
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| प्रियंका गांधी का जन्मदिन मनाने जुटे कार्यकर्ता आपस में ही भिड़ गए |
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस अल्पसंख्यक सभा के एक पदाधिकारी और झालू के एक पदाधिकारी के बीच किसी बात को लेकर तीखी बहस शुरू हुई। बताया जा रहा है कि विवाद की शुरुआत 'रोकटोक' को लेकर हुई थी, जिसने कुछ ही पलों में हिंसक रूप ले लिया। शोर-शराबा सुनकर वहां मौजूद वरिष्ठ नेताओं और अन्य कार्यकर्ताओं ने हस्तक्षेप किया और दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
हालांकि, शाम होते-होते दोनों गुटों के बीच सुलह की बात भी सामने आई। अल्पसंख्यक सभा के पदाधिकारी ने इसे आपसी कहासुनी बताकर खत्म करने की बात कही, वहीं झालू के पदाधिकारी ने इसे महज एक गलतफहमी करार दिया और दावा किया कि वे आपस में रिश्तेदार हैं। इस पूरे मामले पर जब जिला अध्यक्ष हेनरीता सिंह का पक्ष जानने की कोशिश की गई, तो उनके कार्यालय से बताया गया कि वे किसी महत्वपूर्ण बैठक में व्यस्त हैं।
खबर का बैकग्राउंड:
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के जन्मदिन के अवसर पर देश भर में पार्टी कार्यकर्ता विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन कर रहे थे। बिजनौर में भी जिला स्तर पर इसी तरह का एक आयोजन रखा गया था, जहां अनुशासन की कमी के कारण जश्न का माहौल अचानक विवाद में बदल गया।
पब्लिक इम्पैक्ट:
राजनीतिक दलों के कार्यालयों में इस तरह की हिंसक झड़पें सार्वजनिक रूप से पार्टी की छवि को प्रभावित करती हैं। आम जनता के बीच कार्यकर्ताओं के इस व्यवहार से राजनीतिक अनुशासन और स्थानीय नेतृत्व की कार्यप्रणाली पर सवाल उठते हैं, जिससे कार्यकर्ताओं के प्रति लोगों का भरोसा कम होता है।
UP Prime News एनालिसिस:
किसी भी बड़े आयोजन के दौरान संगठन के भीतर आपसी समन्वय और अनुशासन का होना अनिवार्य है। कार्यकर्ताओं के बीच छोटे-छोटे मतभेदों का हिंसक रूप लेना पार्टी की आंतरिक एकता के लिए एक चुनौती की तरह है।
बिजनौर | UP Prime News
Published: January 13, 2026 | 05:54 AM IST
By UP Prime News Desk

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