Sambhal News: संभल में आधी रात DM-SP का बड़ा एक्शन, बिजली चोरी पर रेड और मस्जिद पर चला बुलडोजर
संभल (उत्तर प्रदेश):
उत्तर प्रदेश के संभल जिले में रविवार की देर रात और सोमवार की सुबह प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी संयुक्त कार्रवाई को अंजाम दिया है। जिला प्रशासन, पुलिस और बिजली विभाग की टीमों ने एक साथ बिजली चोरी और अवैध अतिक्रमण के खिलाफ मोर्चा खोला। डीएम राजेंद्र पेंसिया और एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई खुद इस ऑपरेशन का नेतृत्व कर रहे थे। भारी पुलिस बल के साथ अधिकारियों ने मुस्लिम बाहुल्य इलाकों में बिजली चोरी रोकने के लिए छापेमारी की, जहां कई घरों में अवैध अंडरग्राउंड केबल और कटिया डालकर बिजली चोरी पकड़ी गई।
![]() |
| डीएम राजेंद्र पेंसिया और एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई फोटो :-up prime news |
बिजली चोरी के खिलाफ अभियान के साथ ही प्रशासन ने सरकारी जमीन पर बने अवैध धार्मिक स्थल पर भी कार्रवाई की। असमोली थाना क्षेत्र के रायसत्ती (राया बुजुर्ग) गांव में सरकारी जमीन पर बनी 'गौसुलबरा मस्जिद' को हटाने के लिए बुलडोजर एक्शन लिया गया। प्रशासन के मुताबिक, यह मस्जिद करीब 552 वर्ग मीटर सरकारी भूमि पर अवैध रूप से बनाई गई थी। मौके पर 4 बुलडोजर लगाए गए और करीब चार घंटे तक कार्रवाई चली। हालांकि, मस्जिद का ढांचा बेहद मजबूत होने के कारण इसे पूरी तरह ध्वस्त करने में समय लगा।
सुरक्षा के लिहाज से पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया था। किसी भी तरह के विरोध या अफवाह को रोकने के लिए रैपिड एक्शन फोर्स (RAF), पीएसी (PAC) और कई थानों की पुलिस के साथ महिला पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था। सीओ कुलदीप सिंह और एसडीएम ने स्थिति पर नजर बनाए रखी और लोगों को सख्त हिदायत दी कि कानून व्यवस्था में बाधा डालने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी।
खबर का बैकग्राउंड:
इस कार्रवाई की नींव सितंबर महीने में ही पड़ गई थी, जब तहसीलदार धीरेंद्र प्रताप सिंह ने सरकारी जमीन से कब्जा हटाने का नोटिस जारी किया था। मस्जिद कमेटी को 2 अक्टूबर 2025 तक अतिक्रमण हटाने का समय दिया गया था। कमेटी ने इसके खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी, लेकिन 7 अक्टूबर को अदालत से उन्हें कोई राहत नहीं मिली। इसके बाद डीएम के निर्देश पर प्रशासन ने टीम गठित कर यह सख्त फैसला लिया। पिछले साल भी प्रशासन ने इसी तरह मदरसों और मस्जिदों के पास चल रहे अवैध पावर हाउस का भंडाफोड़ किया था।
पब्लिक इम्पैक्ट:
इस कार्रवाई से आम जनता में यह संदेश गया है कि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण और बिजली चोरी जैसे मुद्दों पर प्रशासन जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रहा है, चाहे मामला किसी भी धर्मस्थल से जुड़ा हो। इससे अवैध कब्जा करने वालों में हड़कंप है, वहीं बिजली चोरी पर नकेल कसने से ईमानदार उपभोक्ताओं को बेहतर सप्लाई की उम्मीद जगी है। हालांकि, इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस की निगरानी से आम जनजीवन सामान्य बनाए रखने की कोशिश जारी है।
UP Prime News एनालिसिस:
संभल में हुआ यह एक्शन दर्शाता है कि प्रशासन अब कानूनी प्रक्रियाओं (जैसे हाईकोर्ट के आदेश) के बाद किसी भी दबाव में आए बिना फैसले लागू कर रहा है। यह कार्रवाई सिर्फ अतिक्रमण हटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि सरकारी संसाधनों (बिजली और जमीन) की रिकवरी की दिशा में एक सख्त प्रशासनिक कदम है।
Sambhal | UP Prime News
Published: January 5, 2026 | 08:11 AM IST
By UP Prime News Desk

कोई टिप्पणी नहीं