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यूपी वोटर लिस्ट 2026: ड्राफ्ट सूची जारी, नाम कटने पर न हों परेशान; 6 फरवरी तक करें दावा और आपत्ति, जानें पूरा प्रोसेस

 लखनऊ (उत्तर प्रदेश):

भारत निर्वाचन आयोग (Election Commission) के निर्देशानुसार उत्तर प्रदेश में मतदाता सूची का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण अभियान शुरू हो गया है। इसके तहत आयोग ने यूपी की वोटर लिस्ट का ड्राफ्ट (मसौदा) प्रकाशित कर दिया है। सामने आए आंकड़ों के मुताबिक, प्रदेश में मतदाताओं की संख्या में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। रिपोर्ट के अनुसार, पहले प्रदेश में करीब 15.44 करोड़ मतदाता थे, जो अब घटकर 12.55 करोड़ रह गए हैं। यानी मसौदा सूची में करीब 2.89 करोड़ नाम हटाए गए हैं। हालांकि, यह अंतिम सूची नहीं है और लोगों के पास अपना नाम जुड़वाने या ठीक करवाने का पूरा मौका है।
मतदाता सूची फोटो :- up prime news















आयोग ने स्पष्ट किया है कि जिन लोगों के नाम लिस्ट में नहीं हैं या जिनमें कोई त्रुटि है, वे 6 फरवरी 2026 तक अपने दावे और आपत्तियां दर्ज करा सकते हैं। इसके बाद इन आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा और 6 मार्च 2026 को अंतिम मतदाता सूची (Final Voter List) का प्रकाशन किया जाएगा। इस दौरान आयोग द्वारा विशेष कैंप भी लगाए जाएंगे, जहां बूथ लेवल अधिकारी (BLO) मौजूद रहेंगे। शहरी क्षेत्रों में कम सहयोग को देखते हुए वहां विशेष फोकस रखा जाएगा।

वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने, हटाने या संशोधन के लिए अलग-अलग फॉर्म निर्धारित किए गए हैं।

फॉर्म-6: 18 साल की उम्र पूरी कर चुके नए वोटर्स या जिनका नाम लिस्ट में नहीं है।

फॉर्म-7: वोटर लिस्ट से नाम हटाने या किसी नाम पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए।

फॉर्म-8: निवास स्थान बदलने, कार्ड बदलने, दिव्यांग श्रेणी मार्क करने या मौजूदा विवरण में सुधार के लिए।
ये सभी आवेदन ऑनलाइन voters.eci.gov.in और ceouttarpradesh.nic.in पर या 'Voter Helpline App' के जरिए किए जा सकते हैं। इसके अलावा ऑफलाइन आवेदन संबंधित बीएलओ (BLO) के पास जमा किए जा सकते हैं। किसी भी सहायता के लिए टोल-फ्री नंबर 1950 पर कॉल किया जा सकता है।

खबर का बैकग्राउंड:

हर साल निर्वाचन आयोग मतदाता सूची को अपडेट करने के लिए पुनरीक्षण अभियान चलाता है। इसका उद्देश्य 1 जनवरी (अर्हता तिथि) को 18 वर्ष पूरे करने वाले युवाओं को जोड़ना और मृतक या शिफ्ट हो चुके मतदाताओं के नाम हटाकर सूची को त्रुटिहीन बनाना होता है। यूपी में यह प्रक्रिया आगामी चुनावों को देखते हुए महत्वपूर्ण है।

पब्लिक इम्पैक्ट:

इस खबर का सीधा असर प्रदेश के हर नागरिक पर है। चूंकि बड़ी संख्या में नाम ड्राफ्ट लिस्ट से हटे हैं, इसलिए यह जरूरी है कि हर व्यक्ति अपना नाम ऑनलाइन या बीएलओ के जरिए तुरंत चेक कर ले। अगर 6 फरवरी तक आपने चेक नहीं किया और आपका नाम कटा हुआ मिला, तो बाद में वोट डालने में समस्या आ सकती है। यह समय रहते अपनी नागरिकता के अधिकार को सुरक्षित करने का अवसर है।

UP Prime News एनालिसिस:

मतदाता सूची में बड़े पैमाने पर नामों का कम होना एक गहरी छानबीन और शुद्धिकरण प्रक्रिया का संकेत है। हालांकि, इतने बड़े अंतर के बाद प्रशासन पर यह सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी बढ़ जाती है कि किसी भी वैध मतदाता का नाम गलती से न कटे। जनता को भी जागरूक होकर डिजिटल माध्यमों का उपयोग करना चाहिए।

लखनऊ | UP Prime News
Published: 06 Jan 2026 | 05:43 PM IST
By UP Prime News Desk

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