मेरठ: स्पा सेंटरों की आड़ में चल रहे 'अनैतिक धंधे' का भंडाफोड़, 20 लड़कियों और एक युवक को पुलिस ने दबोचा
उत्तर प्रदेश:
मेरठ पुलिस ने शहर में अवैध रूप से संचालित हो रहे स्पा सेंटरों के खिलाफ एक बड़ी और गोपनीय घेराबंदी करते हुए छापेमारी की है। इस कार्रवाई में पुलिस ने चार अलग-अलग स्पा सेंटरों से कुल 20 लड़कियों और एक युवक को हिरासत में लिया है। पुलिस के अनुसार, ये स्पा सेंटर बिना किसी वैध अनुमति के चलाए जा रहे थे और यहाँ मसाज की आड़ में अनैतिक गतिविधियां संचालित होने की प्रबल आशंका थी। पकड़े गए सभी लोगों से फिलहाल पूछताछ की जा रही है और पुलिस इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है।
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| फोटो : up prime news |
जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इन केंद्रों का संचालन पूरी तरह से डिजिटल और गोपनीय तरीके से किया जा रहा था। ग्राहकों से संपर्क करने और बुकिंग के लिए व्हाट्सएप जैसे ऑनलाइन माध्यमों का सहारा लिया जाता था। पुलिस को चकमा देने के लिए ग्राहकों को सीधे स्पा सेंटर का पता देने के बजाय व्हाट्सएप पर 'लोकेशन शेयर' की जाती थी। छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से कई मोबाइल फोन, डिजिटल उपकरण और एंट्री रजिस्टर बरामद किए हैं, जिनमें आने-जाने वालों का पूरा रिकॉर्ड दर्ज है।
मेरठ के एसपी सिटी आयुष विक्रम ने बताया कि स्थानीय निवासियों द्वारा लंबे समय से इन संदिग्ध गतिविधियों और देर रात तक होने वाली आवाजाही की शिकायतें मिल रही थीं। इन सूचनाओं को पुख्ता करने के बाद चार अलग-अलग टीमें गठित की गईं और एक साथ छापेमारी को अंजाम दिया गया। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इन लड़कियों को किसी दबाव या मानव तस्करी के जरिए यहाँ लाया गया था या वे अपनी मर्जी से इस काम में शामिल थीं।
खबर का बैकग्राउंड:
मेरठ के विभिन्न इलाकों में पिछले कुछ समय से बिना लाइसेंस के स्पा सेंटर फल-फूल रहे थे। पुलिस को लगातार इन जगहों पर अवैध गतिविधियां होने की खुफिया जानकारी मिल रही थी, जिसके बाद कानून का शिकंजा कसने के लिए यह सुनियोजित छापेमारी की गई।
पब्लिक इम्पैक्ट:
पुलिस की इस सख्त कार्रवाई से रिहायशी इलाकों में अवैध रूप से चल रहे संदिग्ध केंद्रों पर लगाम लगेगी, जिससे स्थानीय नागरिकों में सुरक्षा का भाव पैदा होगा। साथ ही, यह उन लोगों के लिए एक कड़ा संदेश है जो व्यापार की आड़ में कानून विरोधी काम कर रहे हैं।
UP Prime News एनालिसिस:
स्पा सेंटरों द्वारा तकनीक (व्हाट्सएप और लोकेशन शेयरिंग) का इस्तेमाल पुलिस के लिए एक नई चुनौती है, जिससे निपटने के लिए अब मैनुअल इंटेलिजेंस के साथ-साथ साइबर सर्विलांस की भूमिका और अधिक महत्वपूर्ण हो गई है।
मेरठ | UP Prime News
Published: 14 जनवरी 2026 | 11:56 AM IST
By UP Prime News Desk

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