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बिजनौर: हनुमान मूर्ति की अनोखी परिक्रमा कर रहा कुत्ता, श्रद्धालुओं के बीच बना आस्था और कौतूहल का केंद्र

 बिजनौर (उत्तर प्रदेश):

उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में एक बेहद हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। नगीना क्षेत्र के गांव नंदपुर खुर्द स्थित प्राचीन सिद्ध पीठ नंदलाल देवता मंदिर में पिछले दो दिनों से एक कुत्ता लगातार हनुमान जी की मूर्ति की परिक्रमा कर रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, यह सिलसिला सोमवार सुबह से शुरू हुआ है, जिसे देखने के लिए अब मंदिर परिसर में भारी भीड़ उमड़ रही है।

प्राचीन सिद्ध पीठ नंदलाल देवता मंदिर फोटो :-up prime news









प्राप्त जानकारी के मुताबिक, यह कुत्ता प्रतिदिन सुबह 4 बजे से दोपहर 2 बजे तक बिना रुके हनुमान जी की मूर्ति के चक्कर काटता है। इसके बाद वह आराम करने चला जाता है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि परिक्रमा के दौरान कुत्ते को खाने-पीने की चीजें भी दी गईं, लेकिन उसने कुछ भी ग्रहण नहीं किया। इस अनोखी घटना की खबर जैसे ही आसपास के गांवों में फैली, मंदिर में भजन-कीर्तन का दौर शुरू हो गया और लोग इसे चमत्कार मानकर मन्नतें मांगने लगे हैं।

घटना के पीछे की एक दिलचस्प कहानी स्थानीय निवासी राजेंद्र ने साझा की है। उनका दावा है कि सोमवार को कुत्ते के सिर पर एक जंगली कबूतर काफी देर तक बैठा रहा और कुछ समय बाद वहीं उसकी मौत हो गई। इस घटना के तुरंत बाद से ही कुत्ते ने हनुमान जी की मूर्ति की परिक्रमा शुरू कर दी। मंगलवार को इस घटना का दूसरा दिन था, जिसमें भाजपा के क्षेत्रीय मंत्री अनूप वाल्मीकि समेत कई स्थानीय गणमान्य लोगों ने भी मंदिर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।

खबर का बैकग्राउंड:
नंदपुर खुर्द का यह प्राचीन सिद्ध पीठ नंदलाल देवता मंदिर स्थानीय स्तर पर काफी मान्यता रखता है। यहां हनुमान जी की एक भव्य प्रतिमा स्थापित है। ग्रामीणों के अनुसार, पशुओं का इस तरह का व्यवहार पहले कभी नहीं देखा गया, जिसके कारण इस घटना को धार्मिक आस्था और 'आध्यात्मिक संकेत' से जोड़कर देखा जा रहा है।


पब्लिक इम्पैक्ट:
इस घटना के बाद मंदिर में श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। नगीना, बढ़ापुर और आसपास के क्षेत्रों से सैकड़ों की संख्या में लोग मंदिर पहुँच रहे हैं। भारी भीड़ के कारण मंदिर परिसर में सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना एक चुनौती बन गया है। लोगों में इस घटना को लेकर गहरी श्रद्धा देखी जा रही है और इसे एक दिव्य संकेत मानकर सामूहिक भजन-कीर्तन किए जा रहे हैं।


UP Prime News एनालिसिस:
ग्रामीण परिवेश में अक्सर पशुओं के असामान्य व्यवहार को दैवीय चमत्कार या आस्था से जोड़ दिया जाता है। हालांकि, वैज्ञानिक दृष्टि से पशुओं के व्यवहार में बदलाव के कई प्राकृतिक कारण हो सकते हैं, लेकिन स्थानीय जनता के लिए यह पूरी तरह से गहरी आस्था और भक्ति का विषय बना हुआ है।

बिजनौर | UP Prime News
Published: January 13, 2026 | 09:51 PM IST
By UP Prime News Desk



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